तीसरा वलय कुएँ के मुँह का है, काकामिगाहारा के 3–0 नहीं। सोमवार। जगह: हलाली डेम क्षेत्र। काम: पाँच गिद्ध मुक्त। बोलने वाले मुख्यमंत्री डॉ. यादव। एक मंच। चार भारतीय गिद्ध—जिप्स इंडिकस। एक सिनेरियस—एजिपीयस मोनाकस। गूँज छठा नाम नहीं जोड़ती।

टैग: उच्च परिशुद्धता वाले जीपीएस-जीएसएम उपग्रह ट्रांसमीटर। अनुकूलन: भोपाल स्थित गिद्ध संरक्षण प्रजनन केंद्र। टैगिंग: वाइल्डलाइफ एसओएस के वन्यजीव पशु चिकित्सक की देख-रेख; वन विभाग और संस्थाएँ उपस्थित। सहयोग शीट का: वन विभाग, डब्ल्यूडब्ल्यूएफ-इंडिया, बॉम्बे नेचुरल हिस्ट्री सोसायटी—उपग्रह टेलीमेट्री कार्यक्रम।

जो हज़ार हैं, जो योग नहीं

शीट: वल्चर एस्टिमेशन-2026 के पहले दिन दक्षिण पन्ना वन प्रभाग में एक हज़ार से अधिक गिद्ध—हाल के वर्षों में सर्वाधिक संख्या, विज्ञप्ति का वाक्य। गूँज प्रदेश-भर की योग नहीं लिखती। नामित: वरिष्ठ विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी; जिला पंचायत पदाधिकारी श्री यशवंत मीणा; श्री राकेश शर्मा; सुश्री राजो मालवीय। संचालन: श्री कमलेश बहादुर सिंह। चित्र समारोह का फ्रेम है। पन्ना का घोंसला इस काट में नहीं।

मुख्य बातें

  • पाँच मुक्त की पंक्ति है; छठा गिद्ध इस शीट में नहीं।
  • दक्षिण पन्ना का “एक हज़ार से अधिक” पहले दिन का अवलोकन है, पूरे प्रदेश की योग नहीं।
  • चित्र मुक्त-समारोह का फ्रेम है; पन्ना का हर गिद्ध इस कोण में नहीं।

स्रोत और संदर्भ

  1. मध्य प्रदेश जनसंपर्क · पारिस्थितिकी तंत्र में सहयोगी पशु पक्षियों के संरक्षण के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध: मुख्यमंत्री डॉ यादव ↗23 फ़रवरी 2026

सार्वजनिक प्राथमिक स्रोतों पर आधारित संपादित लेख। स्रोत जाँच: 18 सितंबर 2026।

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